असम समझौते के बाद बोडो राजनीति में हलचल शुरू... : क्या है मामला??

1 month ago
desiCNN
नए बोडो समझौते के बाद से बोडोलैंड की राजनीति में हलचल है। अब तक वहां पर हाग्रामा मोहिलारी की अगुवाई में बोडोलैंड पीपुल्स फ्रंट का दबदबा था, लेकिन अब हाग्रामा से असंतुष्ठ अन्य बोडो तबका एकजुट हो रहा है। बता दें कि हाग्रामा ने लगातार 15 वर्षों तक बोडोलैंड पर राज किया है। ऑल बोडो स्टूडेंट्स यूनियन (आब्सू) के साथ उनकी कभी नहीं बनी, इसलिए आब्सू ने हाग्रामा से नाराज होकर अलग दल यूनाईटेड प्रोग्रेसिव पार्टी (लिबरल) के नेताओं का हर चुनाव में समर्थन किया, लेकिन हाग्रामा की चालाकी और पैसे की ताकत की वजह से किसी और की नहीं चली।आब्सू आरंभ से ही अलग बोडो राज्य की मांग करता रहा था। जबकि हाग्रामा क्षेत्रीय परिषद के गठन से संतुष्ठ थे। अब नए बोडो समझौते में बीटीसी की जगह बीटीआर (बोडोलैंड टेटोरियल रीजन) का गठन हो गया है।अब आब्सू के निर्वतमान अध्यक्ष प्रमोद बोडो हाग्रामा को टक्कर द...........

For More Download the App