दिल्ली में काँग्रेस की आत्महत्या और अंतिम समापन के कारण...

3 months ago
desiCNN
(रवि शंकर)दिल्ली विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को एक बार फिर से शून्य का स्वाद चखना पड़ा है। दिवंगत शीला दीक्षित के नेतृत्व में 15 साल तक दिल्ली की सत्ता पर राज करने वाली कांग्रेस पार्टी का लगातार दूसरी बार दिल्ली विधानसभा चुनाव में खाता तक नहीं खुला। इतना ही नहीं इस बार के चुनाव में पार्टी का वोट शेयर भी गिरकर आधा हो गया है। साल 2015 के मुकाबले कांग्रेस को इस बार 4.40 फीसद वोट मिला है, पिछले चुनाव में यह आंकड़ा 10 फीसद था। नतीजे साफ बता रहे हैं कि कांग्रेस उम्मीदवारों की स्थिति निर्दलीय उम्मीदवारों जैसी हो गई है।यह ठीक है कि दिल्ली के चुनावी दंगल में सीधी जंग बीजेपी और अरविंद केजरीवाल के बीच हुई। कांग्रेस शुरू से न तो मुकाबले में दिखाई दी और न ही बेहतर स्थिति में थी। फिर भी ऐसी उम्मीद नहीं थी कि कांग्रेस का पिछली बार की तरह इस बार भी खाता नहीं खुलेगा। अहम बात यह भी कि मई 2019 के ...........

For More Download the App